ab jismoon ki chaahat badhti jaati hai | अब जिस्मों की चाहत बढ़ती जाती है

  - अनुराग दरवेश
अबजिस्मोंकीचाहतबढ़तीजातीहै
संगमेरेयेवहशतपलतीजातीहै
जैसेजैसेनोचरहाहूँमैंउसको
वोतस्वीरमुकम्मलहोतीजातीहै
इसदुनियाकीसारीख़ामोशीअबतो
रफ़्तारफ़्ताअंदरघुसतीजातीहै
मैंतोजानेकबसेरुकाहुआहूँजाँ
उम्रयेमेरीकाहेढ़लतीजातीहै
दीवारेंअबभीउसकीयादोंमेंहै
सीलनमेंतस्वीरउभरतीजातीहै
यादकहेंयारूहकहेंअबहमउसको
जोपागलकोपागलकरतीजातीहै
  - अनुराग दरवेश
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