hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Sohil Barelvi
dukh chhup
dukh chhup | दुख छुपाना बहुत ज़रूरी है
- Sohil Barelvi
दुख
छुपाना
बहुत
ज़रूरी
है
मुस्कुराना
बहुत
ज़रूरी
है
जाने
वालों
से
हम
ने
सीखा
है
पास
आना
बहुत
ज़रूरी
है
अब
तलक
सुन
लिया
बहुत
मैंने
अब
सुनाना
बहुत
ज़रूरी
है
एक
बीमार
है
बहुत
बीमार
देख
आना
बहुत
ज़रूरी
है
इश्क़
दोनों
को
है
तो
दोनों
को
अब
निभाना
बहुत
ज़रूरी
है
काम
कोई
करो
ये
ध्यान
रहे
दिल
लगाना
बहुत
ज़रूरी
है
घर
तो
बन
ही
गया
मगर
घर
को
घर
बनाना
बहुत
ज़रूरी
है
कैसा
इंसान
था
जो
कहता
था
ज़हर
खाना
बहुत
ज़रूरी
है
रूठ
कर
कह
रहा
मिरा
महबूब
अब
मनाना
बहुत
ज़रूरी
है
- Sohil Barelvi
Download Ghazal Image
तन्हाइयों
ने
मुझ
को
बिगाड़ा
है
इस
क़दर
कुछ
एक
रोग
तो
मेरी
जाँ
के
क़रीब
हैं
Sohil Barelvi
Send
Download Image
1 Like
अपना
मतलब
निकालते
रहना
अपने
वादों
को
टालते
रहना
दर्द-ए-दिल
को
किसी
से
कहना
मत
रोग
सीने
में
पालते
रहना
इल्म
हासिल
न
हो
जो
बाहरस
उस
को
अंदर
खँगालते
रहना
मौत
आए
तो
डर
नहीं
जाना
आँख
में
आँख
डालते
रहना
ज़िंदगी
क़ीमती
ख़ज़ाना
है
अपना
हिस्सा
निकालते
रहना
Read Full
Sohil Barelvi
Download Image
3 Likes
इतनी
जल्दी
भी
क्या
थी
मेरे
यार
आख़िरी
कॉल
तो
उठा
लेता
Sohil Barelvi
Send
Download Image
0 Likes
मौत
के
दिन
से
बुरा
दिन
हाए
ये
दिन
आज
का
दिन
आप
ख़ुश
हो
ख़ुश
रहो
!
और
ख़ुश-नुमा
हो
आपका
दिन
हादसे
की
ज़द
में
आ
कर
चलते
चलते
रुक
गया
दिन
मेरी
हर
इक
रात
शापित
मुझ
पे
हर
इक
हादसा
दिन
मैं
भी
खोता
जा
रहा
हूँ
देख
कर
अब
डूबता
दिन
आज
मुझ
से
हो
गया
है
कुछ
ज़ियादा
ग़म-ज़दा
दिन
रात
ने
तो
ज़ुल्म
ढाए
कुछ
तो
लेकिन
सोचता
दिन
Read Full
Sohil Barelvi
Download Image
2 Likes
मैं
किसी
तकलीफ़
में
हूँ
इन
दिनों
इस
दफ़ा
लेकिन
बताऊँगा
नहीं
Sohil Barelvi
Send
Download Image
0 Likes
Read More
Bahadur Shah Zafar
Vishal Bagh
Sarvat Husain
Shahzad Ahmad
Hafeez Banarasi
Unknown
Krishna Bihari Noor
Khalid Nadeem Shani
Shahid Zaki
Abbas Tabish
Get Shayari on your Whatsapp
Afsos Shayari
Revenge Shayari
Peace Shayari
Phool Shayari
Life Shayari