सताएचाहेवोजितनाभीतुमझगड़ानहींकरना
मिलाओहदायेशौहरकायूँँभीशिकवानहींकरना
ज़रूरीउसकीहरख़्वाहिशकोसिरआँखोंपेरखनाभी
कभीफिरजेबढीलीकरतेदिलछोटानहींकरना
येतोबेगमकीफ़ितरतरहतीयूँँबे-बातरूठीसी
मनानेकोउसेफिरझूठासाक़िस्सानहींकरना
नज़रकोग़ैरकेआगेनग़लतीसेउठानातुम
सिवाएहमसेफ़रकेतुमकहींताकानहींकरना
कहेये'प्रीत'चाहेजितनेबेलनझाड़ूचलतेहो
येबातेंघरकीबाहरइसकातुमचर्चानहींकरना