फिरबहुतदिनबादयारोंहमकोइक़लडकीमिली
हिज्रपायादर्दपायाऔरपरेशानीमिली
क्यूँदिखातेजख़्मअपनेमाँगतेमरहमभीक्यूँ?
जबसभीकेहाथमेंहमकोनमक़दानीमिली
रातदेखाख़्वाबचकनाचूरमैंहोतेहुए
थाअधूराख़्वाबतोफिरक्यूँसज़ापूरीमिली
इक़हँसीनासाथउसकेऔरदोबच्चेभीथे
पार्कमेंहमकोटहलतीआजमजबूरीमिली
लिखतेलिखतेसोयाऔरउठ्ठासुब्हकोजबकमाल
शे'रसारेथेमुक़म्मलहरग़ज़लपूरीमिली