मैं तुझ सेे रूठ जाऊँ तो तुझे अच्छा लगेगा क्या

  - Nityanand Vajpayee
मैंतुझसेेरूठजाऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
नहींउल्फ़तनिभाऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
तेरीगलियोंमेंमेरीरहगुज़रकीदमसेरौनक़है
इन्हेंसूनाबनाऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
वफ़ाऍंतूनेकीहैंमुझसेेहोगाउनकाकुछतोमोल
नहींउसकोचुकाऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
तस्व्वुरमेंहीजबतेरेसिवाबसतानहींकोई
तोइस-उसदरपेजाऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
मुहब्बतहैमुझेतुझसेेतोतुझकोभीतोहैमुझसेे
भलाफिरदूरजाऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
पपीहेकीतरहनिशिदिनमैंतेरानामरटताहूँ
तुझकोयादआऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
तेराउपमन्युबड़भागीकितूमेराहुआकान्हा
मैंइस-उसकाकहाऊँतोतुझेअच्छालगेगाक्या
  - Nityanand Vajpayee
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