hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Murari Mandal
kar liya tha ik dafa jo aashiqi
kar liya tha ik dafa jo aashiqi | कर लिया था इक दफा जो आशिक़ी
- Murari Mandal
कर
लिया
था
इक
दफा
जो
आशिक़ी
तब
से
मुश्किल
में
है
यारों
ज़िंदगी
कहते
हैं
सब
चाहने
वाले
मेरे
लेके
डूबेगी
तुम्हें
ये
बेदिली
झूठ
कहते
हैं
ये
सब
के
साथ
हूँ
है
असल
में
साथ
में
बस
शा'इरी
बे-वफ़ा
का
बे
कहा
मैंने
फ़क़त
और
सबको
याद
तुम
आने
लगी
अब
ज़रूरत
है
नहीं
श्रृंगार
की
क्या
कयामत
ढा
रही
है
सादगी
सपने
और
तक़दीर
के
इस
खेल
में
एक
दिन
हारी
मिलेगी
ज़िंदगी
- Murari Mandal
Download Ghazal Image
सुबूत
है
ये
मोहब्बत
की
सादा-लौही
का
जब
उस
ने
वा'दा
किया
हम
ने
ए'तिबार
Josh Malihabadi
Send
Download Image
21 Likes
तेरे
होते
हुए
महफ़िल
में
जलाते
हैं
चराग़
लोग
क्या
सादा
हैं
सूरज
को
दिखाते
हैं
चराग़
Ahmad Faraz
Send
Download Image
25 Likes
सादगी
देख
कि
बोसे
की
तमअ
रखता
हूँ
जिन
लबों
से
कि
मुयस्सर
नहीं
दुश्नाम
मुझे
Mushafi Ghulam Hamdani
Send
Download Image
21 Likes
हुस्न
उनका
सादगी
में
कुछ
अलग
महका
किया
मैंने
धड़कन
से
कहा
धड़को
मगर
आराम
से
Ishq Allahabadi
Send
Download Image
3 Likes
उस
के
चेहरे
की
चमक
के
सामने
सादा
लगा
आसमाँ
पे
चाँद
पूरा
था
मगर
आधा
लगा
Iftikhar Naseem
Send
Download Image
92 Likes
सादा
हूँ
और
ब्रैंड्स
पसंद
नहीं
मुझको
मुझ
पर
अपने
पैसे
ज़ाया'
मत
करना
Ali Zaryoun
Send
Download Image
98 Likes
इस
सादगी
पे
कौन
न
मर
जाए
ऐ
ख़ुदा
लड़ते
हैं
और
हाथ
में
तलवार
भी
नहीं
Mirza Ghalib
Send
Download Image
39 Likes
आपकी
सादा
दिली
ख़ुद
आपकी
तौहीन
है
हुस्न
वालों
को
ज़रा
मग़रूर
होना
चाहिए
Abbas Qamar
Send
Download Image
99 Likes
तुम्हें
इक
मश्वरा
दूँ
सादगी
से
कह
दो
दिल
की
बात
बहुत
तैयारियाँ
करने
में
गाड़ी
छूट
जाती
है
Zubair Ali Tabish
Send
Download Image
120 Likes
तिरे
इश्क़
की
इंतिहा
चाहता
हूँ
मिरी
सादगी
देख
क्या
चाहता
हूँ
Allama Iqbal
Send
Download Image
34 Likes
Read More
कुछ
न
बिगड़ा
है
ख़ुश
बहुत
हूॅं
मैं
वक़्त
जैसा
है
ख़ुश
बहुत
हूँ
मैं
मुझको
कोई
नहीं
समझ
पाया
सबको
लगता
है
ख़ुश
बहुत
हूॅं
मैं
यूँँॅं
नज़र
भर
के
मेरी
आँखों
को
देखता
क्या
है
ख़ुश
बहुत
हूॅं
मैं
जिसने
छोड़ा
था
मार
कर
मुझको
वो
भी
तन्हा
है
ख़ुश
बहुत
हूॅं
मैं
Read Full
Murari Mandal
Download Image
3 Likes
इक
परी
के
साथ
में
हूँ
इक
परी
को
छोड़
कर
शा'इरी
को
जी
रहा
हूँ
ज़िंदगी
को
छोड़
कर
ये
मेरा
दावा
है
उसको
आज़मा
के
देखिए
आप
कुछ
भी
कर
सकेंगे
आशिक़ी
को
छोड़
कर
इस
बग़ीचे
में
हज़ारों
फूल
हैं
श्रीमान
जी
आप
के
ही
हैं
ये
सब
बस
उस
कली
को
छोड़
कर
पूछते
हैं
लोग
मुझ
सेे
काम
क्या
कर
लेते
हो
काम
कुछ
भी
है
नहीं
जी
शा'इरी
को
छोड़
कर
Read Full
Murari Mandal
Download Image
6 Likes
तुम्हारे
भी
अधर
महसूस
कर
पाए
वो
ठंडक
कभी
जो
कल्पना
कर
के
उसे
चूमा
करूँँगा
Murari Mandal
Send
Download Image
1 Like
हम
ऐसे
शायरों
के
ही
वजह
से
पढ़ी
जाती
हैं
ग़ज़लें
लड़कियों
पर
Murari Mandal
Send
Download Image
4 Likes
निशानी
साथ
में
रहती
है
उसकी
तो
ये
लगता
है
के
मेरा
यार
मेरे
साथ
में
हर
वक़्त
रहता
है
Murari Mandal
Send
Download Image
2 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Parinda Shayari
Jawani Shayari
Basant Shayari
Life Shayari
Diversity Shayari