gham ye andar se kha raha hai mujhe | ग़म ये अंदर से खा रहा है मुझे

  - Murari Mandal
ग़मयेअंदरसेखारहाहैमुझे
छोड़करतूभीजाचुकाहैमुझे
अबमेरीमौतपरहीउतरेगा
तेराऐसानशाचढ़ाहैमुझे
फ़िक्रमेरीतुझेहैकितनीजान
बोलमतसाफ़दिखरहाहैमुझे
जबमेरेसाथहीनहींरहना
क्यूँदरीचेसेदेखताहैमुझे
सोचताहूँकभीमिलूँख़ुदसे
औरपूछूँकिक्याहुआहैमुझे
मैंनेउसवक़्तखोदियाउसको
जबलगाथावोमिलगयाहैमुझे
  - Murari Mandal
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