dekha kahaan socha kahaan tere siva usko kabhi | देखा कहाँ सोचा कहाँ तेरे सिवा उसको कभी

  - Manohar Shimpi
देखाकहाँसोचाकहाँतेरेसिवाउसकोकभी
बातेंहुईंलेकिननहींमैंनेसुनाउसकोकभी
इकरातकोबैठेरहेहमसाथमेंयूँँरातभर
छलकेनिगाह-ए-नाज़सेयाराकहाउसकोकभी
इंसाँहुआहैसुर्ख़-रूकुछठोकरोंकेबादही
पत्थरपेपिसकेवोहुआहीराबताउसकोकभी
जबजीतकरमेडलअगरसीनादिखाएकोईतो
शाबाशहीसंदेशफिरमैंनेलिखाउसकोकभी
परिवारमेंछेसातथेछोटेबड़ेबच्चेंसभी
बच्चोंसेजोभीबचगयाखानाबचाउसकोकभी
  - Manohar Shimpi
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