hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Kushal "PARINDA"
agar mehnat samajhni ho to seekho tum kisaano se
agar mehnat samajhni ho to seekho tum kisaano se | अगर मेहनत समझनी हो तो सीखो तुम किसानों से
- Kushal "PARINDA"
अगर
मेहनत
समझनी
हो
तो
सीखो
तुम
किसानों
से
ज़रा
इक
बार
आकर
खेत
में
हल
ख़ेंच
कर
देखो
- Kushal "PARINDA"
Download Sher Image
देख
मोहब्बत
का
दस्तूर
तू
मुझ
से
मैं
तुझ
से
दूर
कोशिश
लाज़िम
है
प्यारे
आगे
जो
उसको
मंज़ूर
Read Full
Nasir Kazmi
Send
Download Image
29 Likes
मेहनत
तो
करता
हूँ
फिर
भी
घर
ख़ाली
है
बाबूजी
मिट्टी
के
कुछ
दीपक
ले
लो
दीवाली
है
बाबूजी
मिट्टी
बेच
रहा
हूँ
जिस
में
कोई
जाल
फ़रेब
नहीं
सोना
चाँदी
दूध
मिठाई
सब
जा'ली
है
बाबूजी
Read Full
Gyan Prakash Akul
Send
Download Image
61 Likes
इस
दुनिया
का
हर
मंसूबा
हर
कोशिश
बेकार
हुई
इक
बच्चे
ने
हाथ
बढ़ाया
चाँद
को
छूकर
देख
लिया
Tariq Qamar
Send
Download Image
21 Likes
तोड़
कर
तुझको
भला
मेरा
भी
क्या
बन
जाता
उल्टा
मैं
ख़ुद
की
मुहब्बत
प
सज़ा
बन
जाता
जितनी
कोशिश
है
तिरी
एक
तवज्जोह
के
लिए
उस
सेे
कम
में
तो
मैं
दुनिया
का
ख़ुदा
बन
जाता
Read Full
Ashutosh Vdyarthi
Send
Download Image
44 Likes
एक
मुसलसल
कोशिश
यह
बतलाती
है
छैनी
से
पर्वत
काटा
जा
सकता
है
Divy Kamaldhwaj
Send
Download Image
52 Likes
मेहनत
से
है
अज़्मत
कि
ज़माने
में
नगीं
को
बे-काविश-ए-सीना
न
कभी
नामवरी
दी
Bahadur Shah Zafar
Send
Download Image
17 Likes
मुहब्बत
दुसरी
कोशिश
में
पहली
मर्तबा
होगी
वही
स्कूल
की
लड़की
मेरे
कॉलेज
में
आई
है
Nasir khan 'Nasir'
Send
Download Image
36 Likes
दुनिया
वालों
ने
तो
पूरी
कोशिश
की
ठुकराने
की
लेकिन
अपनी
जिद्द
में
हमने
ख़ुद
को
मनवा
रक्खा
है
Manish Shukla
Send
Download Image
26 Likes
मैं
ने
मेहनत
से
हथेली
पे
लकीरें
खींचीं
वो
जिन्हें
कातिब-ए-तक़दीर
नहीं
खींच
सका
Umair Najmi
Send
Download Image
49 Likes
बी.ए
भी
पास
हों
मिले
बी-बी
भी
दिल-पसंद
मेहनत
की
है
वो
बात
ये
क़िस्मत
की
बात
है
Akbar Allahabadi
Send
Download Image
35 Likes
Read More
दिखेंगी
कश्तियाँ
लेकिन
किनारों
पर
खड़ी
होंगी
किसी
ने
पुल
को
दरिया
पार
तक
जो
जोड़
डाला
है
Kushal "PARINDA"
Send
Download Image
1 Like
मुझे
तो
ये
ज़माना
मानता
है
मगर
तू
बस
ठिकाना
मानता
है
जकड़
ले
गर
हमें
पहलू
में
कोई
तो
ये
समझो
ख़ज़ाना
मानता
है
Read Full
Kushal "PARINDA"
Send
Download Image
1 Like
इसी
उम्मीद
से
मैं
देखता
हूँ
रास्ता
उसका
वो
आएगा
ज़मी
बंजर
में
इक
दिन
घर
उगाने
को
Kushal "PARINDA"
Send
Download Image
8 Likes
मेरा
इन
इश्क़
की
गलियों
से
अब
कुछ
यूँँ
गुज़रना
है
हो
पागल
इश्क़
में
तेरे
तेरी
चौखट
पे
मरना
है
Kushal "PARINDA"
Send
Download Image
2 Likes
ग़मों
की
बारिशों
में
मैं
हमेशा
खुम
बना
उसका
मेरी
इस
बात
ने
उसको
मेरी
उल्फ़त
में
डाला
है
Kushal "PARINDA"
Send
Download Image
1 Like
Read More
Bahadur Shah Zafar
Vishal Bagh
Sarvat Husain
Shahzad Ahmad
Hafeez Banarasi
Unknown
Krishna Bihari Noor
Khalid Nadeem Shani
Shahid Zaki
Abbas Tabish
Get Shayari on your Whatsapp
Awaaz Shayari
Aahat Shayari
Aarzoo Shayari
Jazbaat Shayari
Broken Shayari