kam-bakht dil bura hua tiri aah aah ka | कम-बख़्त दिल बुरा हुआ तिरी आह आह का

  - Hafeez Jalandhari
कम-बख़्तदिलबुराहुआतिरीआहआहका
हुस्न-ए-निगाहभीरहागाहगाहका
छेड़ोमीठीनींदमेंमुनकर-ओ-नकीर
सोनेदोभाईमैंथका-माँदाहूँराहका
मेरेमुक़ल्लिदोंकोमिरीराह-ए-शौक़में
हरगामपरनिशानमिलासज्दा-गाहका
दिलसागवाहहश्रमेंकरफिसलगया
अबरहमपरमुआमलाहैदाद-ख़्वाहका
किसमुँहसेकहरहेहोहमेंकुछग़रज़नहीं
किसमुँहसेतुमनेव'अदाकियाथानिबाहका
दिललेनेवालीबातइसीदिलसेपोछिए
मालिकयहीहैमेरेसफ़ेदसियाहका
पेश-ए-ख़ुदाचलोतोमज़ाजबहै'हफ़ीज़'
नाराहोलबपेअशहदो-अन-ला-इलाहका
  - Hafeez Jalandhari
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