kahaan aañsuon ki ye sougaat hogii | कहाँ आँसुओं की ये सौग़ात होगी

  - Bashir Badr
कहाँआँसुओंकीयेसौग़ातहोगी
नएलोगहोंगेनईबातहोगी
मैंहरहालमेंमुस्कुरातारहूँगा
तुम्हारीमोहब्बतअगरसाथहोगी
चराग़ोंकोआँखोंमेंमहफ़ूज़रखना
बड़ीदूरतकरातहीरातहोगी
परेशांहोतुमभीपरेशांहूँमैंभी
चलोमय-कदेमेंवहींबातहोगी
चराग़ोंकीलौसेसितारोंकीज़ौतक
तुम्हेंमैंमिलूँगाजहाँरातहोगी
जहाँवादियोंमेंनएफूलआए
हमारीतुम्हारीमुलाक़ातहोगी
सदाओंकोअल्फ़ाज़मिलनेपाएँ
बादलघिरेंगेबरसातहोगी
मुसाफ़िरहैंहमभीमुसाफ़िरहोतुमभी
किसीमोड़परफिरमुलाक़ातहोगी
  - Bashir Badr
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