सोचाकरूँॅंतुझेहीबेचैनआदमीहूँ
चुपचापबहचलीजोमैंतोवहीनदीहूँ
येज़ुल्मबसकियाहैज़्यादावफ़ाकियाहै
मैंथालहूरगोंकाअबआँखकीनमीहूँ
अरदासकररहेहैंटूटेहुएघड़ोंसे
जोउसतलकनजाएगुमराहबंदगीहूँ
मालूमभीनहींयेवोदिलफ़रेबघरहै
होतातबाहकोईमैंभीहुआअभीहूँ
मैंजोचलागयातोलालीनफिरखिलेगी
काजलसफ़ेदहोंगेबर्बादज़िंदगीहूँ
बैसाखियाँसभीजोचलनामुझेसिखाएँ
गिरकरउठाअभीजोउठकेगिराकभीहूँ