na dilbar yaad aata hai na qaateel yaad aata hai | न दिलबर याद आता है, न क़ातिल याद आता है

  - A R Sahil "Aleeg"
दिलबरयादआताहै,क़ातिलयादआताहै
फँसेकश्तीजोतूफ़ाँमेंतोसाहिलयादआताहै
वोजिसनेलबमेरेरोकेथे,दरवाज़ेपेचाहतके
तेरेहोंठोंकेपहरेपरजोथातिल,यादआताहै
सियासतकीभीबातेहैंउसीहरजाईकेजैसी
करेतक़रीरजबवो,जाम-ए-बातिलयादआताहै
मुझेउम्र-ए-नो,बर्बादकरडालामुहब्बतने
नहींतोदिलमेरासबसेेथाआक़िल,यादआताहै
हज़ारोंबारकोशिशकीभूलानेकी,मगरफिरभी
कभीमुझपरतेरादिलभीथामाइल,यादआताहै
गयाजोछोड़करमुझको,ख़ुदाकीमसलहतहोगी
हयात-ए-बज़्मकावोहीथाहासिल,यादआताहै
बिगड़तेहालकेआगेबिखरतीकबथीयहक़िस्मत
वोसायामाँकाथाग़मकेमुक़ाबिल,यादआताहै
येकहनाथामेरेअब्बूका,गरहिम्मतहारोगे
तोहोजायेगीसबआसान,मुश्किलयादआताहै
फ़क़तहैवक़्तकाखेल,दुनियासेजुदाहैजो
कभीहमभीकिसीकेथे,यहसाहिल!यादआताहै
  - A R Sahil "Aleeg"
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