ejaz e-ulfat dil ab bahla na sakega | एजाज़ -ए-उल्फ़त दिल अब बहला न सकेगा

  - arjun chamoli
एजाज़-ए-उल्फ़तदिलअबबहलासकेगा
टूटीचाहतकापरचमफहरासकेगा
जबरिश्तोंमेंअनबनहदसेबढ़तीजाए
दिलसेख़ुशहोकरकोईअपनासकेगा
आँधीमेंतिनकोंकीतरहउड़तेहैंवादे
जोदेखेशजर-ए-उल्फ़तउपजासकेगा
रफ़्ता-रफ़्तानज़दीकआयाजोख़्वाहिशमें
ख़्वाहिशमिटनेपरउसकोलौटासकेगा
दिलसेउतरगयातोचेहराक्यादेखेवो
चेहरेपेउल्फ़तकानक़्शालासकेगा
उम्मीदहोतोआँखेंभीतकतीहैंरस्ता
ना-उम्मीदीमेंतोआँखउठासकेगा
हँसताहैजोशख़्सकफ़नमेंलिपटाहोकर
मंज़रदोज़ख़काभीउसेडरासकेगा
अर्जुननेख़ुदकोपरखाहैतोपायाहै
रंजिशमेंभीरिश्तोंकोठुकरासकेगा
  - arjun chamoli
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