mohabbat se waqaar-e-zindagi hai | मोहब्बत से वक़ार-ए-ज़िंदगी है

  - Amatul Hai Wafa
मोहब्बतसेवक़ार-ए-ज़िंदगीहै
यहीतोए'तिबार-ए-ज़िंदगीहै
वहीहोताहैजोवोचाहतेहैं
उन्हींपरइंहिसार-ए-ज़िंदगीहै
मोहब्बतसेकोईजबमुस्कुरादे
तोहरलम्हाबहार-ए-ज़िंदगीहै
किसीकीयाद-ए-तन्हाईकाआलम
जुदासबसेशिआ'र-ए-ज़िंदगीहै
हँसीकेसाथभीगउठतीहैंपलकें
ग़म-ए-बे-इख़्तियार-ए-ज़िंदगीहै
तुम्हारेक़ुर्बकीमेराजपाकर
येदिलमस्त-ए-ख़ुमार-ए-ज़िंदगीहै
किसीसेक्याकहेंक्याहैमोहब्बत
यहीतोराज़-दार-ए-ज़िंदगीहै
कभीराहतकभीग़महिर्ज़-ए-जाँहै
'वफ़ा'येकार-ज़ार-ज़िंदगीहै
  - Amatul Hai Wafa
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