jo nafratoin ka jamaal thehra | जो नफ़रतों का जमाल ठहरा

  - Ali Sarmad
जोनफ़रतोंकाजमालठहरा
मोहब्बतोंकाज़वालठहरा
आँखरोईदिलपसीजा
तुम्हाराजानाकमालठहरा
तुम्हारीयादेंजहाँभीठहरीं
वहींपेदिलमेंमलालठहरा
जवाबक्यूँँकरदलीलकिसको
हमारेलबपेसवालठहरा
जोहमनेसोचाथाइश्क़होगा
फ़क़तहमाराख़यालठहरा
वोसुनकेचुपहैंकहानीअपनी
येहमराजाह-ओ-जलालठहरा
वोहमसेमिलकरभीमिलपाए
अजबहमाराविसालठहरा
वोख़ुदकेजैसाहीदूसराहै
वोआपअपनीमिसालठहरा
नींदआवेचैनपावें
अधूरासपनावबालठहरा
'अली'कोयारबबुलाओवापस
किइसकाजीनामुहालठहरा
  - Ali Sarmad
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