dil ab us shahar men jaane ko machalta bhi nahin | दिल अब उस शहर में जाने को मचलता भी नहीं

  - Aila Tahir
दिलअबउसशहरमेंजानेकोमचलताभीनहीं
क्याज़रूरीहैज़रूरतसेअलगहोजाना
ऐन-मुमकिनहैसमझतुमकोआऊँइससाल
तुमयहीकरनाकिउजलतसेअलगहोजाना
येकहींछीनलेसब्रकीदौलततुमसे
दिलधुआँकरतीक़यामतसेअलगहोजाना
वोतुम्हेंभूलकेपागलभीतोहोसकताहै
देखकरवक़्तसुहूलतसेअलगहोजाना
मेरीतक़दीरमेंबसएकहीदुखउतराहै
दिलकाउसयारकीसंगतसेअलगहोजाना
तेराग़महीतोउड़ाएलिएफिरताहैमुझे
चाहेकौनऐसीअज़िय्यतसेअलगहोजाना
अध-खिलेफूलसेरखनाकभीरब्तकोई
अध-बुझेरंगकीहालतसेअलगहोजाना
हमतोजाँहारचलेहैंतुमनिकहत-ए-गुल
चश्म-ए-क़ातिलकीमशिय्यतसेअलगहोजाना
  - Aila Tahir
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