tu KHud ko dekh le kitna daraaz-qamat hai | तू ख़ुद को देख ले कितना दराज़-क़ामत है

  - Ahmad Nesar
तूख़ुदकोदेखलेकितनादराज़-क़ामतहै
तिराफ़लकतोमिरेचाँदकीबदौलतहै
किसीभीहालमेंहमख़र्चकरनहींसकते
हमारादर्दतिरीदीहुईअमानतहै
मिरावजूदअभीबर्फ़कीमिसालनहीं
बचीहुईअभीइसराखमेंतमाज़तहै
जवाबईंटकादेनापड़ेगापत्थरसे
यहीहैरस्मयहाँकीयहीरिवायतहै
अजीबचार-तरफ़हैफ़ज़ामेंख़ामोशी
येक्यामक़ामहैकिसक़हरकीअलामतहै
नहींचराग़तोजुगनूकाक़ाफ़िलाभेजे
बहुतसियाहहैरस्ताबहुतज़रूरतहै
'निसार'तेज़क़दमहैबहुतयेदुनियातो
किअबपड़ावभीकरनातुझेक़यामतहै
  - Ahmad Nesar
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