tujh se mil kar to ye lagta hai ki ai ajnabi dost | तुझ से मिल कर तो ये लगता है कि ऐ अजनबी दोस्त

  - Ahmad Faraz
तुझसेमिलकरतोयेलगताहैकिअजनबीदोस्त
तूमिरीपहलीमोहब्बतथीमिरीआख़िरीदोस्त
लोगहरबातकाअफ़्सानाबनादेतेहैं
येतोदुनियाहैमिरीजाँकईदुश्मनकईदोस्त
तेरेक़ामतसेभीलिपटीहैअमर-बेलकोई
मेरीचाहतकोभीदुनियाकीनज़रखागईदोस्त
यादआईहैतोफिरटूटकेयादआईहै
कोईगुज़रीहुईमंज़िलकोईभूलीहुईदोस्त
अबभीआएहोतोएहसानतुम्हारालेकिन
वोक़यामतजोगुज़रनीथीगुज़रभीगईदोस्त
तेरेलहजेकीथकनमेंतिरादिलशामिलहै
ऐसालगताहैजुदाईकीघड़ीगईदोस्त
बारिश-ए-संगकामौसमहैमिरेशहरमेंतो
तूयेशीशेसाबदनलेकेकहाँगईदोस्त
मैंउसेअहद-शिकनकैसेसमझलूँजिसने
आख़िरीख़तमेंयेलिक्खाथाफ़क़तआपकीदोस्त
  - Ahmad Faraz
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