अबनहींलगताइबादतमेंकहींदिलअपना
रोरहाहैतेरीचाहतमेंकहींदिलअपना
घरसेनिकलेथेबड़ेख़्वाबलिएआँखोंमें
हारबैठेहैंमुहब्बतमेंकहींदिलअपना
इसलिएभीमैंशराफ़तसेजुदाहूँशायद
टूटजाएनशराफ़तमेंकहींदिलअपना
हमनेरस्मनहीअँगूठेतोलगाएलेकिन
लगअगरजातावसीयतमेंकहींदिलअपना
गरतेरासचनपताहोताचलाजातामैं
छोड़करतेरीहिफ़ाज़तमेंकहींदिलअपना