firta rehta hooñ ghaafil | फिरता रहता हूँ ग़ाफ़िल

  - Zaan Farzaan
फिरतारहताहूँग़ाफ़िल
क्यायूँँमिलतीहैमंज़िल
मरजानेकेहूँक़ाबिल
मरजानाक्यूँँहैमुश्किल
अपनेदिलकोरक्खोतुम
मैंरखताहूँअपनादिल
पहलेथावोयकतापर
अबहैदुनियामेंशामिल
वाक़िफ़कबहोगादरिया
उसकीहदहैख़ुदसाहिल
क्यूँँबसउसकीख़्वाहिशहो
दूजोंकोजोहैहासिल
सुनमेरेचारा-गर
जीनेपरकरदेमाइल
मेरीचश्म-ए-तरदेखो
तारोंकीहैइकझिलमिल
मेरासानीहैकोई
मुझबिनजमतीहैमहफ़िल
टूटेदिलकेटुकड़ोंसे
कैसेकुछहोगाकामिल
झूठोंसेकहताहूँसच
समझेंवोफिरभीबातिल
अबवोशयहोगीकिसकी
जिसशयकेहैंसबक़ाबिल
कलकेख़ातिरज़िंदाहूँ
जोहैलाखोंकाक़ातिल
ग़ुर्बतमेंभीशुक्राना
देखोकरताहैसाइल
यादआताहैकबहीवो
यादआएपैमान-ए-दिल
मैंदुश्मनसेबचताहूँ
करतेहैंअपनेघाइल
कैफ़आँखोंकादेखूँमैं
यादेखूँआरिज़परतिल
बद-बख़्तीकेरस्तोंपर
हैमाँकीमिन्नतहाइल
ज़ानअबतुमभीज़िदछोड़ो
लोगोंसेजाओघुल-मिल
  - Zaan Farzaan
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