अगरजोआजमैंलैलाकेक़र्याजाऊँगा
तोजानताहूँकेपत्थरसेमाराजाऊँगा
यक़ीनहोनेलगाअबतेरीमुहब्बतमें
मैंरुसवाकरकेवतनसेनिकालाजाऊँगा
लबोंपेशिकवासजाहोगातेरीफुर्क़तका
ख़ुदाकेसामनेजिसदिनबुलायाजाऊँगा
लकीरहाथकीपढ़करकहानजूमीने
मैंइकहसीनाकीचाहतमेंमाराजाऊँगा
वोपलहयातकासबसेेहसीनपलहोगा
तुम्हाराकहकेमैंजिसपलपुकाराजाऊँगा
उधरउठेगीतेरीडोलीतेरेआँगनसे
बरा-ए-दफ़्नइधरमैंउठायाजाऊँगा
सुकूनहोताहैहासिलशजरवहाँजाकर
मज़ार-ए-क़ैसपेमैंफिरदुबाराजाऊँगा