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Kaviraj " Madhukar"
jo paana hai pa sakte ho
jo paana hai pa sakte ho | जो पाना है पा सकते हो
- Kaviraj " Madhukar"
जो
पाना
है
पा
सकते
हो
अब
तुम
बेशक़
जा
सकते
हो
तुम
क्यूँ
मेरे
पास
नहीं
हो
मुझको
ये
बतला
सकते
हो
जो
मुझको
समझाया
तुमने
क्या
उसको
समझा
सकते
हो
दुनिया
का
मालूम
नहीं
पर
तुम
इस
दिल
में
आ
सकते
हो
- Kaviraj " Madhukar"
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हम
को
दिल
से
भी
निकाला
गया
फिर
शहरस
भी
हम
को
पत्थर
से
भी
मारा
गया
फिर
ज़हरस
भी
Azm Shakri
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उस
के
दिल
की
आग
ठंडी
पड़
गई
मुझ
को
शोहरत
मिल
गई
इल्ज़ाम
से
Siraj Faisal Khan
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कहानी
भी
नहीं
है
दिल
में
कोई
सो
कुछ
भी
इन
दिनों
अच्छा
नहीं
है
मैं
अब
उकता
गया
हूँ
ज़िन्दगी
से
मेरा
जी
अब
कहीं
लगता
नहीं
है
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Ritesh Rajwada
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गले
मिलना
न
मिलना
तो
तेरी
मर्ज़ी
है
लेकिन
तेरे
चेहरे
से
लगता
है
तेरा
दिल
कर
रहा
है
Tehzeeb Hafi
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हम
मिल
के
आ
गए
मगर
अच्छा
नहीं
लगा
फिर
यूँँ
हुआ
असर
कि
घर
अच्छा
नहीं
लगा
इक
बार
दिल
में
तुझ
सेे
जुदाई
का
डर
बना
फिर
दूसरा
कोई
भी
डर
अच्छा
नहीं
लगा
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Shriyansh Qaabiz
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तिरंगा
दिल
में
है
लबों
पे
हिंदुस्तान
रखता
हूँ
सिपाही
हूँ
हथेली
पे
मैं
अपनी
जान
रखता
हूँ
Shashank Shekhar Pathak
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उम्र
गुज़री
दवाएँ
करते
'मीर'
दर्द-ए-दिल
का
हुआ
न
चारा
हनूज़
Meer Taqi Meer
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आज
है
उनको
आना,
मज़ा
आएगा
फिर
जलेगा
ज़माना,
मज़ा
आएगा
तीर
उनकी
नज़र
के
चलेंगे
कई
दिल
बनेगा
निशाना
मज़ा
आएगा
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Bhaskar Shukla
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हर
दुख
का
है
इलाज,
उसे
देखते
रहो
सबकुछ
भुला
के
आज
उसे
देखते
रहो
देखा
उसे
तो
दिल
ने
ये
बे-साख़्ता
कहा
छोड़ो
ये
काम
काज
उसे
देखते
रहो
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Aslam Rashid
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शाम-ए-फ़िराक़
अब
न
पूछ
आई
और
आ
के
टल
गई
दिल
था
कि
फिर
बहल
गया
जाँ
थी
कि
फिर
सँभल
गई
Faiz Ahmad Faiz
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तुम्हें
ही
सोचता
रहता
हूँ
बस
मैं
मुझे
कुछ
और
अब
आता
कहाँ
है
Kaviraj " Madhukar"
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बुरे
तो
यार
तुम
लगते
नहीं
हो
मगर
सब
कह
रहे
अच्छे
नहीं
हो
हमीं
तुम
पर
बहुत
मरते
रहे
हैं
हमीं
से
इश्क़
तुम
करते
नहीं
हो
मुझे
उम्मीद
थी
तुम
सेे
बहुत
ही
मगर
तुम
भी
मुझे
समझे
नहीं
हो
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Kaviraj " Madhukar"
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कि
जिस
सेे
चाहिए
बोसा
मुझे
उसी
से
मिल
रहा
धोखा
मुझे
उसे
मैंने
कभी
समझा
नहीं
दिया
उसने
बहुत
मौका
मुझे
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Kaviraj " Madhukar"
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मिरे
वो
पास
भी
आया
नहीं
कभी
भी
मैं
उसे
भाया
नहीं
मुझे
उम्मीद
थी
जिस
सेे
बहुत
मुझे
वो
भी
समझ
पाया
नहीं
उसे
'आशिक़
नज़र
आए
सभी
उसे
बस
मैं
नज़र
आया
नहीं
कि
दुनिया
को
गया
हूँ
भूल
मैं
तुझे
ही
बस
भुला
पाया
नहीं
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Kaviraj " Madhukar"
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मैं
थोड़ा
साथ
देकर
के
अकेला
छोड़
देता
हूँ
भरोसा
मत
करो
मुझ
पर
भरोसा
तोड़
देता
हूँ
Kaviraj " Madhukar"
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