har samay har ghadi nahin milti | हर समय हर घड़ी नहीं मिलती

  - Avijit Aman
हरसमयहरघड़ीनहींमिलती
होंठोंपरयेहँसीनहींमिलती
हमभीशामिलहैंबदनसीबोंमें
हमसेेभीख़ुद-कुशीनहींमिलती
साथक़िस्मतभीचाहिएथोड़ी
पढ़केबसनौकरीनहींमिलती
इकदफ़ाउम्रबीतजाएगर
फिरदुबाराकभीनहींमिलती
दीजिएवक़्तथोड़ाख़ुदकोभी
बादमेंज़िंदगीनहींमिलती
अबकहाँवोजुनूनदिखताहै
अबवोदीवानगीनहींमिलती
वोमुहब्बतजोकरतीहैबसमाँ
सबजगहदेखलीनहींमिलती
मैंजिसेचाहताहूँशिद्दतसे
यारमुझकोवहीनहींमिलती
जितनीमेहनतमैंकरताहूँमुझको
उतनीभीसैलरीनहींमिलती
हक़अमीरोंकाहीहैक्याइसपे
क्यूँँमुझेयेख़ुशीनहींमिलती
राजकोमिलगईथीतबसिमरन
देवकोअंजलीनहींमिलती
इकमुहब्बतनेछोड़ाहैमुझको
वरनायेशा'इरीनहींमिलती
  - Avijit Aman
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