kahiin apnon ko maara to kahiin par peer ko maara | कहीं अपनों को मारा तो कहीं पर पीर को मारा

  - Jaypratap chauhan
कहींअपनोंकोमारातोकहींपरपीरकोमारा
अरेइंसाँबदलतूनेसुनातक़दीरकोमारा
हुईसबकुछयहाँदौलतभलायेक्याज़मानाहै
सुनादौलतकीख़ातिरभाईनेहमशीरकोमारा
तरसआयानहींनन्हींसीबच्चीपरदरिंदोंको
दबागर्दनजोनन्हींजानकीफिररीरकोमारा
हमेंकाफ़िरबतातेहोबताओक्यूँँमुसलमानों
कहींभीहिंदुओंनेक्याकभीशब्बीरकोमारा
नहींछोड़ामहीनेछहकेउसनन्हेंसेअसगरको
उसेभीमारनेख़ातिरगलेपरतीरकोमारा
ज़मानेसेसुनाहै'जय'तुम्हारीयारग़ज़लोंने
कभीग़ालिबकोरौंदाहैकभीतोमीरकोमारा
  - Jaypratap chauhan
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