ख़ुश्कहैंआँखेंमेरीऔरफ़ुर्सत-ए-मातमनहीं
औरमेरेगाँवमेंबरसातकामौसमनहीं
चूमकरमाथेकोकहतेहोकिफिरमिलतेहैंहम
येग़म-ए-उल्फ़तहैजानाँयेकोईमरहमनहीं
तूअमनकीबातकरनेआगयाहैपरतेरे
हाथमेंख़ंजरहै,तेरेहाथमेंपरचमनहीं
मैंतोतन्हारहभीलूँयारोंज़मानेमेंमगर
दिलपरेशाँकरताहै,इसकाकोईमहरमनहीं
जिसतरहसेतुममेरेख़्वाबोंमेंआतेहोसनम
मेरीख़ातिरतेरेख़्वाबोंमेंवहीआलमनहीं
कलसियासीजश्नमेंइकशख़्सनेहँसकरकहा
येलिबास-ए-मुफ़्लिसीहैसिल्कयारेशमनहीं
तुमजोकहतेथेहज़ारोंहैंतेरीतस्वीर,पर
जानताथामैंकितेरेपासवोअल्बमनहीं
ज़िंदगीकोज़िंदगीकानामतोदेदूँमगर
ज़िंदगीमेरीजहन्नुमसेज़राभीकमनहीं