bhookh ko bistar banaa kar so ga.e ham | भूख को बिस्तर बना कर सो गए हम

  - Gaurav Singh
भूखकोबिस्तरबनाकरसोगएहम
नींदकोचादरबनाकरसोगएहम
घरकिजिसकेख़्वाबआतेथेहमेशा
ख़्वाबमेंवोघरबनाकरसोगएहम
हमजिसेदुनियाबनासकतेथेउसको
राहकापत्थरबनाकरसोगएहम
जिस्मकोनिगरानीमेंअपनेलगाकर
साएकोपैकरबनाकरसोगएहम
चाँदतारोंकेतलेसबदुखभुलाकर
इनकोचारा-गरबनाकरसोगएहम
बेख़बरशकुनीकेबदलेकीतड़पसे
एकदिनचौसरबनाकरसोगएहम
  - Gaurav Singh
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy