उमीद-ए-फ़स्लकाहोनाहैख़ून,लानतहै
पलटकेआयानहींमानसून,लानतहै
गिरानेकेलिएहीप्यारकामकाँतूने
ख़ुलूस-ओ-अम्नकाखींचासुतून,लानतहै
सरोंसेछीनलियातूनेआशियाना,और
हमारेसरपेखड़ामाह-ए-जून,लानतहै
गुज़ारनीथीतुझेअपनीसर्दरातेंजो
बदनसेकाटाहैभेड़ोंकाऊन,लानतहै
अवाममरतारहाऔरदेखतातूरहा
कहाँगयातेराइल्म-ओ-फ़ुनून,लानतहै
बचीहैघटकेअबआधी'अनीस'आमदनी
कहाथातूनेकिहोगीयेदून,लानतहै